कप्तान आमिर अली की सुल्तान जोहोर कप को लेकर प्रतिक्रिया अब भारतीय टीम की नजर जूनियर एशिया कप जीतने पर खेलपथ संवाद नई दिल्ली। भारतीय जूनियर पुरूष हॉकी टीम के कप्तान आमिर अली ने स्वीकार किया कि सुल्तान जोहोर कप के फाइनल के लिये क्वालीफाई नहीं कर पाने से वह दुखी हैं लेकिन कहा कि खाली हाथ लौटने से कांस्य पदक काफी अच्छा है। भारत ने तीसरे और चौथे स्थान के मुकाबले में न्यूजीलैंड को शूटआउट में हराकर मलेशिया के जोहोर बाहरू में हु.......
बबिता फोगाट ने बहन विनेश पर निकाली भड़ास खेलपथ संवाद नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय पहलवान और भाजपा नेता बबिता फोगाट ने अपनी चचेरी बहन विनेश फोगाट पर बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने बताया कि उनके पिता महावीर फोगाट ने विनेश को बतौर कोच ट्रेनिंग दी, लेकिन उन्होंने कभी अपने चाचा का धन्यवाद नहीं दिया। बता दें कि, पेरिस ओलम्पिक में महिलाओं की 50 किलोग्राम कुश्ती स्पर्धा के फाइनल से बढ़े वजन के कारण बाहर होना पड़ा था। इसके बाद उन्होंने संन्यास ले ल.......
खेल मंत्री से चर्चा करना चाहती है दिग्गज मुक्केबाज खेलपथ संवाद मुम्बई। छह बार की विश्व चैम्पियन मुक्केबाज एमसी मैरीकॉम ने गुरुवार को पेरिस ओलम्पिक में 100 ग्राम से अधिक वजन होने के कारण पहलवान विनेश फोगाट को हुई निराशा को लेकर इस विवाद पर कहा कि निर्धारित सीमा के भीतर वजन बनाये रखना खिलाड़ी की व्यक्तिगत जिम्मेदारी है। चार बच्चों की मां और ओलम्पिक कांस्य पदक विजेता मैरीकॉम (42 वर्ष) ने यहां एक कार्यक्रम के इतर पहली बार वि.......
शतरंज के इस होनहार ने आठ बाजी जीतीं, व्यक्तिगत स्वर्ण पदक पर किया कब्जा खेलपथ संवाद नई दिल्ली। भारतीय ग्रैंडमास्टर डी गुकेश ने मंगलवार को कहा कि उन्होंने हाल ही में सम्पन्न शतरंज ओलम्पियाड को व्यक्तिगत स्पर्धा के रूप में लिया और नवम्बर में होने वाली बहुप्रतीक्षित विश्व चैम्पियनशिप से पहले अपने प्रदर्शन पर संतोष जताया। विश्व चैम्पियनशिप के चैलेंजर 18 वर्षीय गुकेश की भारत की ऐतिहासिक जीत में अहम भूमिका रही जिससे पुरुष टीम ने टूर्नामेंट.......
विश्व शतरंज खिताबी मुकाबले पर बोले डिंग लिरेन खेलपथ संवाद नई दिल्ली। गत चैम्पियन डिंग लिरेन का मानना है कि नवंबर में होने वाले विश्व शतरंज के खिताब के लिए उनके भारतीय चैलेंजर डी गुकेश जीत के दावेदार है क्योंकि पिछले एक साल में उनके खेल में काफी ‘गिरावट आई है। लिरेन और गुकेश इस समय यहां 45वें शतरंज ओलम्पियाड में प्रतिस्पर्धा कर रहे हैं। गुकेश, आर प्रज्ञानानंदा, विदित गुजराती और अर्जुन एरिगैसी की चौकड़ी से सजी भारतीय टीम वर्तमान .......
पेरिस पैरालम्पिक स्वर्ण पदक विजेता ने खुद किया खुलासा खेलपथ संवाद नई दिल्ली। पेरिस पैरालम्पिक में स्वर्ण पदक जीतने वाले तीरंदाज हरविंदर सिंह ने खुलासा करते हुए बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पेरिस में इस्तेमाल किया तीर उपहार में दिया है। भारतीय दल ने गुरुवार को पीएम से मुलाकात की। बैठक के बाद हरविंदर ने बताया कि प्रधानमंत्री ने पेरिस खेलों में हिस्सा लेने वाले खिलाड़ियों, पदक विजेताओं के साथ-साथ सहायक स्टाफ से भी बात .......
कहा- एक समय मैं आत्महत्या करने के बारे में सोचने लगी थी चोटिल होने के चलते प्रतिस्पर्धा शुरू करना होगा चुनौतीपूर्ण खेलपथ संवाद नई दिल्ली। भारतीय महिला एथलीट हरमिलन बैंस ने बड़ा खुलासा करते हुए कहा कि वह आत्महत्या करने के बारे में सोचने लगी थीं। मध्यम दूरी की धाविका हरमिलन हाल ही में सम्पन्न हुए पेरिस ओलम्पिक में भाग नहीं ले सकी थीं जिसका उन्हें काफी अफसोस था। एशियाई खेलों में दो बार पदक जीत चुकीं हरमिलन अब मॉडलिंग जैसे दूसरे क.......
कहा- मुझ पर अपेक्षाओं का दबाव था खेलपथ संवाद नई दिल्ली। भारतीय पैरा बैडमिंटन खिलाड़ी सुहास यथिराज ने लगातार दूसरे पैरालम्पिक में रजत पदक जीतकर धाक जरूर जमा दी है लेकिन स्वर्ण पदक न जीत पाने का मलाल भी है। उनका कहना है कि मुझ पर अपेक्षाओं का दबाव था क्योंकि मैं वहां नम्बर एक पोजीशन में उतरा था। पेरिस में सुहास पुरुष एकल एसएल4 वर्ग के फाइनल में हार गए थे और स्वर्ण पदक लाने से चूक गए थे। सुहास हालांकि रजत लाकर खुश भी हैं और निराश भ.......
साल के आखिर तक संन्यास पर करेंगी फैसला खेलपथ संवाद नई दिल्ली। भारत की चोटी की बैडमिंटन खिलाड़ी और पूर्व ओलम्पिक कांस्य पदक विजेता साइना नेहवाल ने खुलासा किया है कि वह गठिया से जूझ रही हैं और उन्हें इस साल के अंत तक इस खेल में अपने भविष्य के बारे में फैसला करना होगा क्योंकि इस बीमारी के कारण उनके लिए सामान्य दिनों की तरह अभ्यास करना मुश्किल हो गया है। विश्व की पूर्व नंबर एक खिलाड़ी 34 वर्षीय नेहवाल ने लंदन ओलम्पिक 2012 में कांस.......
नौकरी के लिए खेलना शुरू किया था हॉकी फिर हुआ इस खेल से प्यार, जीते दो ओलम्पिक पदक खेलपथ संवाद नई दिल्ली। भारतीय हॉकी टीम के फॉरवर्ड शमशेर सिंह अब किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। उन्होंने पुश्तैनी खेल हॉकी को नौकरी के लिए आत्मसात किया था लेकिन यही खेल एक दिन उनका प्यार बन गया। शमशेर टोक्यो ओलम्पिक और फिर पेरिस ओलम्पिक में कांस्य पदक जीतने वाली टीम का हिस्सा रह चुके हैं। शमशेर का हॉकी की राष्ट्रीय टीम में जगह बनाने क.......
