चिकित्सा प्रयोगशाला पेशेवरों को सम्मानित कर बढ़ाया उनका हौसला

के.डी. मेडिकल कॉलेज में मेडिकल लेबोरेटरी प्रोफेशनल्स वीक का समापन

मथुरा। केडी विश्वविद्यालय के चिकित्सा शिक्षा संस्थान केडी मेडिकल कॉलेज-हॉस्पिटल एण्ड रिसर्च सेण्टर के पैथोलॉजी विभाग, माइक्रोबायोलॉजी विभाग तथा बायोकैमिस्ट्री विभाग द्वारा आयोजित मेडिकल लेबोरेटरी प्रोफेशनल्स वीक का समापन शनिवार को चिकित्सा प्रयोगशाला पेशेवरों को सम्मानित कर किया गया। डीन और प्राचार्य डॉ. आर.के. अशोका ने कहा कि आधुनिक चिकित्सा विज्ञान में पैथोलॉजी और प्रयोगशाला की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण हो चुकी है। बिना सटीक जांच के किसी भी बीमारी का सही इलाज सम्भव नहीं है।

मेडिकल लेबोरेटरी प्रोफेशनल्स वीक के अंतिम दिन चिकित्सा प्रयोगशाला पेशेवरों के बीच कई तरह की प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। प्रतियोगिताओं का शुभारम्भ केडी विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. विकास कुमार अग्रवाल, केडी मेडिकल कॉलेज-हॉस्पिटल एण्ड रिसर्च सेण्टर के डीन औऱ प्राचार्य डॉ. आर.के. अशोका, उप-प्राचार्या डॉ. गगनदीप कौर, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. गगनदीप सिंह आदि ने मां सरस्वती पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलित कर किया। अतिथिय़ों का स्वागत केंद्रीय नैदानिक प्रयोगशाला अधीक्षक डॉ. प्रणीता जसवंत सिंह ने किया। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष डॉ. निमिषा, डॉ. वरुणा तथा गुणवत्ता प्रबंधक डॉ. कांधा कुमारी ने अपने-अपने विभागों की कार्यप्रणाली पर विस्तार से जानकारी दी।

विभागाध्यक्षों ने बताया कि मेडिकल शिक्षा को रोचक और इंटरेक्टिव बनाने के लिए इस कार्यक्रम में कई तरह की प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से मॉडल प्रजेंटेशन, रोचक क्विज प्रतियोगिता, व्यावहारिक जानकारी, अवॉर्ड सेरेमनी जैसी गतिविधियां शामिल रहीं। इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य लैब टेक्नीशियंस और प्रोफेशनल्स के योगदान को सम्मानित करना तथा चिकित्सा के क्षेत्र में नई तकनीकों से अवगत कराना था। डॉ. यामिनी, डॉ. अंजलि, डॉ. आकांक्षा, डॉ. निखिल, डॉ. उमाकांत, डॉ. अंजू तथा डॉ. सुशील आदि ने विभिन्न प्रतियोगिताओं के संचालन में योगदान दिया। इस दौरान चिकित्सा प्रयोगशाला पेशेवरों ने विभिन्न विधाओं में अपनी मेधा और रचनात्मकता का शानदार प्रदर्शन कर विजेता तथा उपविजेता ट्रॉफी एवं प्रशस्ति पत्र हासिल किए।

डीन और प्राचार्य डॉ. आर.के. अशोका ने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि आज के समय में जब नई-नई बीमारियां सामने आ रही हैं, ऐसे में मरीजों की जान बचाने के लिए लेबोरेटरी की रिपोर्ट सबसे अहम कड़ी होती है। उन्होंने कहा कि मेडिकल लेबोरेटरी प्रोफेशनल्स वीक स्वास्थ्य सेवा के उन नायकों को सम्मानित करने का सुअवसर होता है, जिनकी अक्सर चर्चा नहीं होती। ये पेशेवर पर्दे के पीछे अथक परिश्रम करते हैं, महत्वपूर्ण परीक्षण और विश्लेषण करते हैं जिनका सीधा प्रभाव रोगी की देखभाल और चिकित्सा संबंधी निर्णयों पर पड़ता है।

कुलसचिव डॉ. विकास कुमार अग्रवाल ने कहा कि आप स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र के नायकों के बारे में जब सोचते हैं, तो अक्सर डॉक्टर और नर्स दिमाग में आते हैं लेकिन लगभग 70 प्रतिशत नैदानिक ​​निर्णयों में मेडिकल लेबोरेटरी पेशेवरों की भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि बीमारियों के निदान से लेकर उपचार की प्रगति की निगरानी तक, प्रयोगशाला पेशेवरों का काम रोगी की देखभाल के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।

चिकित्सा अधीक्षक डॉ. गगनदीप सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि लैब प्रोफेशनल्स अक्सर पर्दे के पीछे रहकर काम करते हैं, लेकिन उनकी जांच रिपोर्ट ही डॉक्टरों को सही दिशा में इलाज करने का मार्ग दिखाती है। उन्होंने बताया कि यह सप्ताह उन सभी लैब तकनीशियनों, वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं के सम्मान में मनाया जाता है, जो सीमाओं से परे जाकर मरीजों की देखभाल और उनके बेहतर स्वास्थ्य के लिए अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम का संचालन डॉ. यामिनी तथा आभार डॉ. संगीता सिंह ने माना।

चित्र कैप्शनः मां सरस्वती पर माल्यार्पण के बाद अतिथि तथा अन्य चित्र में विजेता-उपविजेता प्रतिभागी।

 

 

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