विंग्स बियॉन्ड द स्काई पुस्तक में मिला डॉ. अशोक कुमार लेंका को स्थान

प्रतिष्ठित पुस्तक ने भारतीय वायु सेना के वीर डॉ. लेंका की उपलब्धियों को सराहा

खेलपथ संवाद

चेन्नई। भारतीय वायु सेना के सेवानिवृत्त अधिकारी एवं प्रसिद्ध ताइक्वांडो ग्रैंड मास्टर डॉ. अशोक कुमार लेंका (सेवानिवृत्त) को प्रतिष्ठित पुस्तक विंग्स बियॉन्ड द स्काई (आकाश से परे पंख) में स्थान मिला है। यह एक प्रेरणादायक पुस्तक है जो भारतीय वायु सेना के योद्धाओं की सच्ची और अनकही कहानियों को प्रस्तुत करती है। यह पुस्तक हर किसी को बड़े से बड़े सपने देखने को प्रेरित करती है। यह पुस्तक उन लोगों के लिए एक बेहतरीन मार्गदर्शक है जो जीवन में चुनौतियों का सामना करके सफलता पाने की प्रेरणा चाहते हैं।

डॉ. अशोक कुमार लेंका के कृतित्व और जीवन दर्शन को विंग्स बियॉन्ड द स्काई- (वायु योद्धाओं की परिवर्तनकारी यात्राएं) पुस्तक के अध्याय 12 में शामिल किया गया है। यह अध्याय चैम्पियंस इन एक्शन (ताकत से परे सेवा), उन 80 विशिष्ट वायु सेना के पूर्व सैनिकों की प्रेरणादायक कहानियों को प्रस्तुत करता है, जिन्होंने सेवानिवृत्ति के बाद भी खेल, शारीरिक उत्कृष्टता और नेतृत्व के माध्यम से राष्ट्र की सेवा जारी रखी है। इन सभी में डॉ. अशोक कुमार लेंका की यात्रा अनुशासन, दृढ़ संकल्प और राष्ट्र निर्माण का एक उत्कृष्ट उदाहरण है।

डॉ. अशोक कुमार लेंका एक अंतरराष्ट्रीय मास्टर, कोच एवं पदक विजेता हैं, साथ ही एक पर्वतारोही, प्रकृति प्रेमी ट्रेकर और रॉक क्लाइम्बर भी हैं। उन्होंने पर्वत, रेगिस्तान, समुद्र तट और जंगल जैसे विभिन्न प्राकृतिक क्षेत्रों में ताइक्वांडो का अभ्यास किया है। जूनियर वारंट ऑफिसर पद से सेवानिवृत्त डॉ. लेंका एक छठा डान ब्लैक बेल्ट हैं तथा कुक्किवॉन (दक्षिण कोरिया) से प्रमाणित अंतरराष्ट्रीय ताइक्वांडो मास्टर और वर्ल्ड ताइक्वांडो लेवल-1 कोच हैं। पिछले 37 वर्षों से अधिक समय से वे मार्शल आर्ट्स, फिटनेस और युवा सशक्तीकरण के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने दो लाख से अधिक लोगों को प्रशिक्षित किया, 10,000 से अधिक पदक विजेता तैयार किए और कई राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों का मार्गदर्शन किया है।

डॉ. अशोक कुमार की उपलब्धियां केवल मार्शल आर्ट्स तक सीमित नहीं हैं। डॉ. लेंका एक कुशल पर्वतारोही भी हैं, जिन्होंने हिमालय की 11 से अधिक चोटियों पर विजय प्राप्त की है और भारतीय वायु सेना के माउंट एवरेस्ट अभियान के लिए चयनित हुए थे। उन्होंने अत्यंत कठिन परिस्थितियों में, जैसे शून्य से नीचे तापमान में ध्यान साधना, जैसी अद्भुत उपलब्धियाँ भी हासिल की हैं, जो उनकी मानसिक और शारीरिक दृढ़ता को दर्शाती हैं।

डॉ. लेंका हावरंग अकादमी के संस्थापक एवं वेटरंस इंडिया स्पोर्ट्स विंग के राष्ट्रीय सचिव हैं। वे अपने मिशन “राष्ट्र भक्ति खेल से शक्ति” के माध्यम से युवाओं को प्रेरित करते हुए राष्ट्र निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं। उन्होंने वायु सेना के जवानों, गरुड़ कमांडो, कैडेट्स एवं देशभर के युवाओं को प्रशिक्षण देकर आत्मरक्षा, अनुशासन और देशभक्ति की भावना को मजबूत किया है। उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए उन्हें तेनजिंग नॉर्गे राष्ट्रीय साहसिक पुरस्कार जैसे प्रतिष्ठित सम्मानों के लिए नामांकित किया गया है। इस प्रतिष्ठित पुस्तक में उनका समावेश न केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धियों का सम्मान है, बल्कि यह भारतीय वायु सेना के उन वीरों की भावना का प्रतीक भी है, जो वर्दी के बाद भी राष्ट्र की सेवा में निरंतर लगे हुए हैं।

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